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28 जून 2011

डीयूःएससी-एसटी की दूसरी लिस्ट जारी, दाखिले आज से

दिल्ली विश्वविद्यालय में अनुसूचित जाति, जनजाति व विकलांग वर्ग में दाखिले की दूसरी लिस्ट सोमवार को जारी कर दी गई। इसके आधार पर मंगलवार से दाखिले शुरू होंगे। सफल उम्मीदवारों की लिस्ट विवि की वेबसाइट पर है। इसके अलावा इसे उत्तरी परिसर में आर्ट्स फैकल्टी पर भी लगाया गया है।

दूसरी लिस्ट में २८६५ अनुसूचित जाति, ४८६ अनुसूचित जनजाति और ८२ विकलांग वर्ग के छात्र शामिल हैं। इन्हें मेरिट के आधार पर सीटें आवंटित की गई हैं। जिन छात्रों के नाम लिस्ट में आ गये हैं उन्हें अपनी स्लिप आर्ट्स फैकल्टी के कमरा नम्बर २२ से लेनी होगी। इस स्लिप के बिना कॉलेजों में दाखिला नहीं मिलेगा। प्रोविजनल स्लिप २८ जून से १ जुलाई तक मिलेगा।


डीन स्टूडेंट वेलफेयर से जारी आंक़ड़ों के मुताबिक एससी, एसटी की दूसरी लिस्ट में ३५८६ में से २८६५ आवंटित हुए हैं। इनमें ७२१ बच गए हैं। एसटी में ४८६ छात्रों की लिस्ट जारी की गई है। १८३८ सीटें बची हुई हैं। 
दूसरी लिस्ट के बाद बची हुई ३८५३ सीटों पर एससी, एसटी छात्रों को फेस टू फेस काउंसलिंग के लिए बुलाया जाएगा। २७ जुलाई के बाद ९९४ सीटों के लिए एससी छात्रों के लिए फेस टू फेस काउंसलिंग होगी। 

तीसरी लिस्ट में दाखिले आज से

दिल्ली विश्वविद्यालय में तीसरी कट ऑफ लिस्ट जारी होने के बाद मंगलवार से दाखिले का एक और राउंड शुरू होगा। इसमें छात्रों को शुक्रवार तक दाखिले का मौका मिलेगा। शनिवार को फिर से लिस्ट आएगी। 

तीसरी लिस्ट तक आते आते ज्यादातर कॉलेजों व कोर्स में दाखिले तेजी से पूरे हो गए हैं। बीकॉम आनर्स, अर्थशास्त्र, इतिहास, राजनीतिशास्त्र के अलावा साइंस में भौतिकी, रसायनशास्त्र व गणित में छात्रों के लिए कुछ ही कॉलेजों के दरवाजे खुले हैं। 

हंसराज में अर्थसाइंस में ज्यादातर सीटें खाली

हंसराज कॉलेज में इंटीगे्रटेड एमएससी अर्थसाइंस में ज्यादातर सीटें खाली प़ड़ी हैं। यहां ३० सीटों में सिर्फ ११ भरी हैं। कॉलेज प्रशासन का कहना है कि छात्रों को यह भ्रम है कि यह एमएससी का कोर्स है। 

हकीकत यह है कि इस कोर्स में १२वीं पास छात्रों को ही दाखिला दिया जाता है। उन्हें बीएससी के साथ ही साथ एमएससी भी करने का मौका मिलता है। उन्हें दिल्ली विश्वविद्यालय स्थित भूगर्भ विभाग में एमएससी में सीधे प्रवेश मिलता है। प्राचार्य वीके क्वात्रा के मुताबिक यह कोर्स छात्रों को १०० फीसदी प्लेसमेंट देता है। इस विषय के छात्रों को आगे भूकम्प, माइनिंग, वन विभाग जैसे कई क्षेत्रों में काम करने के अवसर मिलते हैं(नई दुनिया,दिल्ली,28.6.11)।

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