महाराजा गंगासिंह विश्वविद्यालय बीकानेर की विभिन्न परीक्षाओं के नतीजों से इस बार लगभग 25 हजार परीक्षार्थी संतुष्ट नहीं हैं। उन्होंने परीक्षा में मिले अंकों को अपर्याप्त बताते हुए पुनर्मूल्यांकन के सिए आवेदन किया है। इस बार करीब सवा लाख विद्यार्थियों ने परीक्षा दी थी।
स्टाफ की कमी से जूझे रहे विश्वविद्यालय प्रशासन को इतनी बडी संख्या में आए आवेदनों के अनुसार उत्तर-पुस्तिकाओं की दुबारा जांच कराने के लिए कडी मशक्कत करनी पड रही है। विश्वविद्यालय सूत्रों के अनुसार अभी तक प्राप्त पुनर्मूल्यांकन के आवेदनों में से बी.एससी. तथा बी.कॉम. अंतिम वर्ष के नतीजे घोषित कर दिए गए हैं। इनके नतीजे विश्वविद्यालय की वेबसाइट पर उपलब्ध हैं। शेष कक्षाओं के लिए आए आवेदन के आधार पर उत्तर-पुस्तिकाओं की जांच की जा रही है।
बढ जाए तो फायदा ,घटे तो फर्क नहीं
इतनी संख्या में मिले पुनर्मूल्यांकन के आवेदनों के बारे में बताया जा रहा है कि ऎसे विद्यार्थी जिन्हें 59 फीसदी अंक मिलते हैं वे आवेदन ज्यादा करते हैं। क्योकि एक फीसदी अंक बढने से उनकी प्रथम श्रेणी बन जाती है और अंक घट जाए तो कोई खास फर्क नहीं पडता।
10 परीक्षा केन्द्र
स्नातक पूरक परीक्षा के लिए विश्वविद्यालय तैयारियों में जुट गया है। परीक्षा 23 सितम्बर से होगी। इसके लिए संभाग के चारों जिलों के दस महाविद्यालयों में परीक्षा केन्द्र स्थापित किए गए है। बीकानेर में एकमात्र परीक्षा केन्द्र राजकीय डूंगर कॉलेज होगा। इसके अलावा हनुमानगढ, श्रीगंगानगर, चूरू, सुजानगढ, सरदारशहर, राजगढ व अन्य कॉलेजों में भी परीक्षा केन्द्र स्थापित किए हंै। परीक्षा नियंत्रक प्रो. कान्ति कुमार कोचर ने बताया कि पूरक परीक्षा के लिए इस बार ऑनलाइन आवेदन की सुविधा है। परीक्षार्थी 22 सितम्बर तक भी आवेदन जमा करा सकते है। उन्हें संबंधित महाविद्यालय से परीक्षा का प्रवेश-पत्र मिल जाएगाराजस्थान पत्रिका,बीकानेर,6.9.2010)।
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