यूपी बोर्ड छोड़कर बच्चे दूसरे बोर्डो की ओर तेजी से भाग रहे हैं। कई विद्यालयों में छात्रों से ज्यादा शिक्षकों की संख्या हो गई है। जब बच्चे ही नहीं रहेंगे तो बोर्ड और आपका क्या अस्तित्व होगा। यह कहना था प्रदेश के माध्यमिक शिक्षा मंत्री रंगनाथ मिश्र का। श्री मिश्र महाबोधि इंटर कॉलेज, सारनाथ में शनिवार को प्रधानाचार्यो के दो दिवसीय प्रदेश स्तरीय वार्षिक सम्मेलन के उद्घाटन समारोह को बतौर मुख्य अतिथि संबोधित कर रहे थे। कार्यक्रम में प्रधानाचार्य परिषद की ओर से मांगों की भारी भरकम पोटली प्रस्तुत की गई थी। माध्यमिक शिक्षा मंत्री ने इसको खोलने की भी जहमत नहीं उठाई। उन्होंने दायित्वों की ऐसी गांठ बांधी कि पूरा सम्मेलन चिंतन-मनन की ओर अग्रसर हो गया। कहा कि आप सब की मांगे सही हैं। मुझे अपना समझें कोई मंत्री नहीं। आप स्वयं विचार करें कि आप कहां खड़े हैं। पहले जब आप को कम वेतन मिलता था तो स्कूलों में बच्चे थे। आज वेतन अधिक मिल रहा है तो स्कूलों से बच्चे नदारद होते जा रहे हैं(दैनिक जागरण,वाराणसी,१९.१२.२०१०)।
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