प्रदेश के गृह मंत्री उमाशंकर गुप्ता ने कहा है कि अपराधों पर प्रभावी रोकथाम के लिए हमें ग्रामीण क्षेत्रों में ही उनकी रुचि के अनुसार रोजगारमूलक शिक्षा उपलब्ध करानी होगी, ताकि ग्रामीणों को वहीं उचित रोजगार मिल सके। उन्होंने संत हिरदाराम साहिब के आशीर्वाद से इस तरह की व्यवस्था ग्रामीण स्कूली बच्चों के लिए किए जाने के प्रयासों की भी सराहना की। गृह मंत्री ग्राम पीपलनेर में लक्ष्मीदेवी विक्योमल सामाजिक एवं शिक्षण संस्थान के वार्षिक समारोह को सम्बोधित कर रहे थे। संत सिद्ध भाऊ की विशेष उपस्थिति में आयोजित इस समारोह की अध्यक्षता महापौर कृष्णा गौर ने की, जबकि प्रदेश भाजपा कार्यकारिणी सदस्य प्रकाश मीरचंदानी एवं पार्षद शमीम बेगम विशेष अतिथि थीं। गृह मंत्री ने कहा कि केवल किताबी शिक्षा से विकास संभव नहीं है। उन्होंने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में उनकी रुचि के अनुसार व्यवसायिक शिक्षा उपलब्ध कराने के लिए सरकार तेजी से प्रयास कर रही है। आपने संत हिरदाराम के आशीर्वाद एवं संत सिद्ध भाऊ के मार्गदर्शन में संचालित विभिन्न सेवा कार्यो की तारीफ की। गृह मंत्री ने संत सिद्ध भाऊ से आशीर्वाद भी लिया। इस अवसर पर महापौर ने कहा कि जीवन में संस्कार एवं संकल्प अत्यंत आवश्यक है। संस्कार व्यक्ति के आचार, विचार और व्यवहार में दिखते हैं। इस मौके पर संत सिद्ध भाऊ ने कहा कि ग्रामीण विद्यार्थियों ने जो माडल प्रस्तुत किए हैं, उससे उनके भीतर के जुनून का साफ दिखाई देता है। उन्होंने कहा कि ग्रामीण विद्यार्थी बोर्ड की परीक्षा में मेरिट में आते हैं, तो जीव सेवा संस्थान प्रत्येक छात्र को एक लाख रुपये नकद पुरस्कार देगी, जबकि उसकी क्लास टीचर को पांच हजार रुपये प्रोत्साहन राशि भेंट की जाएगी((दैनिक जागरण,संत नगर,१९.१२.२०१०)।
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