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05 जुलाई 2010

चंडीगढ़ःपेपर देख परीक्षार्थियों के होश फाख्ता

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शायद इनमें से किसी भी प्रश्न का संबंध पंजाब से नहीं है लेकिन यही नहीं लगभग 80 फीसदी ऐसे ही प्रश्न उस पेपर का हिस्सा थे, जो रविवार को पंजाब यूनिवर्सिटी द्वारा लोक संपर्क अधिकारी और सहायक लोक संपर्क अधिकारी के लिए परीक्षार्थियों से लिया गया। पंजाब सरकार द्वारा 33 लोक संपर्क और सहायक लोक संपर्क अधिकारी लगाने के लिए यूनिवर्सिटी को यह काम सौंपा गया था। परीक्षा देकर बाहर आए विद्यार्थियों के चेहरों का रंग उड़ा हुआ था।

साफ था, पेपर उनकी उम्मीद के अनुसार नहीं आया था। एक विद्यार्थी ने बताया कि भेजे गए रोल नंबर में साफ था कि सामान्य ज्ञान का पेपर जो 50 नंबर का है पंजाब पर आधारित प्रश्नों से होगा लेकिन 80 फीसदी से अधिक प्रश्न बाहर से थे। यही नहीं जो प्रश्न पंजाब से संबंधित वे भी काफी कठिन बनाए गए। मसलन एक प्रश्न में पंजाब के तीन पुराने ओलंपियन का नाम लिखकर पूछा गया कि इन्होंने कहां कहां और कब ओलपिंक खेला?

लीक हुआ पेपर

उधर दिन भर यह चर्चा भी रही कि यूनिवर्सिटी की ओर से लिया गया पेपर लीक हो गया है। हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है लेकिन एक परीक्षार्थी ने बताया कि वह और उसका एक साथ आठ सवा आठ के बीच परीक्षा केंद्र पहुंच गए थे। वहां उपस्थित स्टाफ ने उनके हस्ताक्षर करवा कर पेपर की सील तोड़ दी। बाद में उन्हें अपनी गलती का अहसास हुआ कि इस तरह तो डेढ़ घंटे पहले ही पेपर खुल गया जो एकदम पेपर शुरू होने से कुछ पल पहले खोला जाना चाहिए था।

परीक्षार्थी ने दावा किया कि उन्होंने परीक्षा कंट्रोलर से मिलने की कोशिश की लेकिन उपस्थित स्टाफ ने उन्हें नहीं मिलवाया। हालांकि ज्यादातर परीक्षार्थी इस बात को सही नहीं मानते। उनका कहना है कि परीक्षा खत्म होते ही बरसात शुरू हो गई जिस कारण लगभग 50 मिनट तक वे सभी हाल के बाहर खड़े आपस में पेपर संबंधी ही बातें करते रहे लेकिन किसी ने भी पेपर लीक होने संबंधी बात नहीं की। हां, इन विद्यार्थियों को इस बात का रोष अवश्य था कि यूनिवर्सिटी ने परीक्षा लेने के इंतजाम अच्छे नहीं किए थे। गर्मी होने के बावजूद पंखों का आदि का पर्याप्त प्रबंध नहीं था।उधर पता चला है कि पंजाब सरकार ने पेपर तैयार करने और परीक्षा लेने के लिए यूनिवर्सिटी को पांच लाख रुपए दिए हैं लेकिन इंतजामों को देखकर नहीं लगता कि यह राशि परीक्षार्थियों पर खर्च की गई(दैनिक भास्कर,चंडीगढ़,5.7.2010)।

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