मुख्य समाचारः

सम्पर्कःeduployment@gmail.com

06 जुलाई 2010

यूपीटीयू काउंसलिंग में मूल प्रमाण पत्र के बिना नहीं बनेगी बात

उत्तरप्रदेश में बी.टेक., एम.टे.क, बी.आर्क., एमबीए, एमसीए आदि में प्रवेश की चाहत रखने वाले छात्र-छात्राओं ने प्रवेश परीक्षा की सीढ़ी तो पार कर ली है, बस अब मंजिल पाने के लिए काउंसलिंग की आखिरी कड़ी पर पार पाना होगा। यूपीटीयू काउंसलिंग कार्यक्रम जारी हो चुका है। गौतमबुद्ध टेक्निकल यूनिवर्सिटी, लखनऊ (यूपीटीयू का बदला हुआ नाम) द्वारा जारी कार्यक्रम के अनुसार 10 से 12 जुलाई तक ऑफ कैंपस काउंसलिंग होगी। इसके बाद 15 जुलाई से कैंपस काउंसलिंग का दौर शुरू होगा। पश्चिमी यूपी के छात्रों के लिए मेरठ इंस्टीट्यूट ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी (एमआईईटी) में काउंसलिंग होगी। कई बार देखा गया है कि जल्दबाजी में या फिर भूलवश छात्र-छात्राएं कुछ महत्वपूर्ण दस्तावेज भूल जाते हैं और फिर पछताने के अलावा कुछ नहीं रहता। इसलिए काउंसलिंग से पहले खुद की पूरी तैयारी जरूरी है। ऑफ कैंपस काउंसलिंग का उठाएं लाभ 10 से 12 जुलाई तक छात्र-छात्राएं यूपीटीयू की वेबसाइट पर जाकर अपने रैंक के अनुसार मिल सकने वाले कालेज की जांच कर सकते हैं। इससे छात्र-छात्राओं को अंदाजा हो जाएगा कि उनका दाखिला किस कालेज में हो सकता है। वैसे तो वेबसाइट पर छात्र-छात्राएं अपनी कालेज पसंद को भी भर सकते हैं, लेकिन कौन सा कालेज मिलेगा यह पूर्ण रूप से कालेज कैंपस काउंसलिंग पर निर्भर होगा। मेरठ में हैं कुल 97 कालेज एमआईईटी के रजिस्ट्रार एसपी सिंह का कहना है कि काउंसलिंग का पहला दौर 15 जुलाई से शुरू होकर अगस्त मध्य तक चलेगा। इसके बाद ही काउंसलिंग का दूसरा दौर शुरू होगा। एसपी सिंह के मुताबिक पूरे यूपी में यूपीटीयू के अधीन करीब 700 कालेज हैं। इनमें से 97 कालेज मेरठ क्षेत्र में आते हैं। मेरठ के साथ ही एमआईईटी में सहारनपुर, मुजफ्फरनगर, बड़ौत, बिजनौर आदि पश्चिमी यूपी में आते क्षेत्रों के छात्र-छात्राओं की काउंसलिंग होगी। इन बातों का रखें ख्याल ल्ल काउंसलिंग के लिए मूल प्रमाण पत्र दिखाना अनिवार्य है। दसवीं कक्षा से लेकर अब तक की शिक्षा के सभी प्रमाण पत्र मूल रूप में ही स्वीकार्य होंगे। ल्ल यदि आरक्षित वर्ग में आते हैं तो उसका भी मूल प्रमाण ही दिखाना होगा। ल्ल प्राप्त शिक्षा के प्रमाण पत्र में किसी तरह की बैक या कंपार्टमेंट नहीं होनी चाहिए। यदि किसी भी विषय में कंपार्टमेंट आदि है, तो वह मान्य नहीं होगा। यदि रिजल्ट घोषित नहीं हुआ है, तो भी छात्र काउंसलिंग में हिस्सा नहीं ले सकते। ल्लकाउंसलिंग के दौरान एडमिट कार्ड व रैंक कार्ड ले जाना जरूरी है। ल्ल सभी प्रमाण पत्रों के चार फोटो कॉपी सेट व अपनी फोटो भी साथ ले जाएं। ल्ल पांच हजार रुपए काउंसलिंग फीस जो कि कॉशन मनी के रूप में ली जाएगी व पांच सौ रुपए काउंसलिंग प्रोसेस फीस के रूप में देने होंगे। यह रुपए डिमांड ड्राफ्ट के जरिए गौतम बुद्ध यूनिवर्सिटी, लखनऊ के नाम और मेरठ में देय होंगे। ल्ल सीट लॉक होने के बाद जनरल व ओबीसी वर्ग को दस हजार रुपए व एसटी, एससी वर्ग को चार हजार रुपए सीट कनफर्मेशन के रूप में सीट पक्की होने के तीन दिन तक देने होंगे। ल्लएक बार सीट लॉक होने के बाद उसे बदला नहीं जाएगा। यदि छात्र दूसरी स्ट्रीम में जाना ही चाहता है तो उसे दूसरे दौर की काउंसलिंग में हिस्सा लेना होगा। वहां भी सीट की उपलब्धता के आधार पर ही सीट मिल पाएगी। ल्लयदि छात्र-छात्रा को अपनी रैंक व पसंद के अनुसार कालेज नहीं मिलता है तो उसकी पांच हजार रुपए फीस वापस कर दी जाएगी(दैनिक जागरण,मेरठ,6.7.2010)।

कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें

टिप्पणी के बगैर भी इस ब्लॉग पर सृजन जारी रहेगा। फिर भी,सुझाव और आलोचनाएं आमंत्रित हैं।