मध्यप्रदेश में इंजीनियरिंग में प्रवेश के लिए ऑन लाइन पंजीयन करा चुके छात्र-छात्राओं को अब अपनी पंसद के कालेजों के नाम भरने के लिए चौदह दिन इंतजार करना पड़ेगा। संचालनालय तकनीकी शिक्षा ने काउंसलिंग शेड्यूल में अचानक बदलाव कर दिया है। पहले यह च्वाइस फिलिंग दो जुलाई से होना थी। नए शेड्यूल के तहत अब संस्थाओं के नाम 14 जुलाई से लिये जाएंगे। इस बदलाव से प्रवेश की तिथि भी आगे बढ़ सकती है। संचालनालय में काउंसलिंग समिति की गुरुवार को हुई महत्वपूर्ण बैठक के बाद यह निर्णय लिया गया। बैठक में संचालक तकनीकी शिक्षा आशीष डोंगरे के अलावा फीस कमेटी के अधिकारी एवं एसोसिएशन ऑफ टेक्नीकल एवं प्रोफेशनल इंस्टीट्यूट के पदाधिकारी मौजूद थे। एसोसिएशन के सचिव सुरेश चौकसे ने अपना मांग पत्र रखते हुए कहा कि सभी कालेज संचालक जल्द से जल्द प्रवेश चाहते हैं, लेकिन वर्तमान में मान्यता, फीस और सीटों की संख्या को लेकर जो माहौल बन गया है उसमें काउंसलिंग कराना किसी के लिए भी हितकर नहीं है। इससे प्रदेश भर में विवाद की स्थिति बन सकती है। डीटीई ने भी कालेज संचालकों की समस्याओं से इत्तफाक रखते हुए काउंसलिंग शेड्यूल आगे बढ़ाने पर सहमति जताई। बैठक में सभी पक्ष इस बात पर सहमत थे कि 21 जून से शुरू हुई काउंसलिंग प्रक्रिया के पहले दो चरण यथावत रखे जाएं। इनमें दस्तावेजों का सत्यापन 21 जून से 10 जुलाई तक होना है। दूसरे चरण में 25 जून से पंजीयन शुरू होगया है। यह पंजीयन भी 10 जुलाई तक होना है। प्रक्रिया के तहत पंजीयन कराने वालों को ही प्राथमिकता क्रम में कालेजों के नाम ऑन लाइन भरकर छात्रों को अपना चयन लॉक करना है। पूर्व में घोषित काउंसलिंग कार्यक्रम में इसके लिए दो से दस जुलाई तक की तिथि रखी गई थी। अब नए शेड्यूल के तहत प्राथमिकता क्रम में कालेजों के नाम 14 जुलाई से भरे जाएंगे। इस बदलाव के कारण कालेज आवंटन पत्र और उपस्थिति का चरण भी आगे बढ़ जाएगा। पहले 21 जुलाई को प्रवेश प्रक्रिया पूर्ण होना थी। अब यह प्रक्रिया चार अगस्त तक पहुंचने की संभावना है(दैनिक जागरण,भोपाल,2.7.2010)।
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