राज्य मंत्रिमंडल ने मंगलवार को बारहवीं परीक्षा उत्तीर्ण प्रतिभावान छात्रों के लिए श्यामाप्रसाद मुखर्जी छात्रवृत्ति योजना को मंजूरी दे दी। इसमें 80 प्रतिशत या इससे ज्यादा अंकों से 12 वीं परीक्षा उत्तीर्ण करने वाले छात्रों को छात्रवृत्ति दिए जाने का प्रावधान है। इसका लाभ हर जाति-वर्ग के छात्रों को मिलेगा। बैठक में लिए गए निर्णयों की जानकारी देते हुए संसदीय कार्य मंत्री नरोत्तम मिश्रा ने बताया कि छात्रवृत्ति योजना में विज्ञान के 2500, कृषि के 500, वाणिज्य के 1000 तथा कला संकाय के 1000 विद्यार्थियों को उच्च शिक्षा के लिए छात्रवृत्ति प्रदान की जाएगी। यह छात्रवृत्ति उन विद्यार्थियों को मिलेगी जिनके माता-पिता/अभिभावकों की वार्षिक आय तीन लाख रुपए से कम है। इनमें जो विद्यार्थी गरीबी रेखा के नीचे जीवनयापन करने वाले परिवारों के हैं उन्हें समान पाठ्यक्रमों में शासकीय संस्थाओं में देय सीमा तक शिक्षण शुल्क की प्रतिपूर्ति भी की जाएगी। ऐसे विद्यार्थी जिन्हें अन्य छात्रवृत्तियों की पात्रता है, उन्हें प्रथमत: वह छात्रवृत्ति दी जाएगी, लेकिन उन्हें इस छात्रवृत्ति का लाभ उक्त छात्रवृत्ति एवं डॉ. श्यामाप्रसाद मुखर्जी छात्रवृत्ति योजना की राशि के बीच अंतर की पूर्ति के लिए किया जा सकेगा। इस छात्रवृत्ति योजना के क्रियान्वयन के लिए अनुसूचित जनजाति कल्याण विभाग को नोडल विभाग बनाया गया है(दैनिक जागरण,भोपाल,22.9.2010)।
कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें
टिप्पणी के बगैर भी इस ब्लॉग पर सृजन जारी रहेगा। फिर भी,सुझाव और आलोचनाएं आमंत्रित हैं।