हाईकोर्ट के जस्टिस विनोद कुमार शर्मा ने अहम पदों पर आसीन पदाधिकारियों की सिफारिश पर जालंधर नगर निगम में लगाए गए डॉक्टरों की नियुक्तियां खारिज करने के निर्देश जारी कर दिए हैं। हाईकोर्ट ने डॉ. संगीता, जितेंद्र पाल सिंह और डॉ. अमरदीप बालू की उस याचिका को मंजूर कर लिया जिसके तहत आयुर्वेदिक मेडिकल अफसर के पद पर लगाए गए चार डॉक्टरों की नियुक्ति को चुनौती दी गई थी।
जस्टिस शर्मा ने पंजाब सरकार को इन डॉक्टरों की नियुक्ति रद्द कर एक महीने के अंदर नए सिरे से नियुक्तियां करने के निर्देश जारी किए हैं। डॉ. संगीता, जितेंदर पाल सिंह औा डॉ. अमरदीप बालू ने ने कहा था जालंधर एमसी में आयुर्वेदिक मेडिकल अफसर के पद पर नियुक्त डॉक्टरों के बारे में कहा गया था कि लुधियाना का विपिन मलहोत्रा बलरामजी दास टंडन के प्राइवेट सेक्रेटरी का दामाद है। समीता अबरोल हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री प्रेम कुमार धूमल की भतीजी है। कृतिका कलसिया लुधियाना नगर निगम के कमिशनर आरएल कलसिया की बेटी है और राजकुमार को इस पर पर नियुक्त किया गया था। यह भी कहा गया कि इनमें से एक उम्मीदवार को लगाने के लिए नियमों में संशोधन कर अधिकतम आयु सीमा ३क् से बढ़ाकर ३५ कर दी गई। इन पदों के लिए दो दिसंबर 2001 को विज्ञापन जारी किया गया था(दैनिक भास्कर,चंडीगढ़,22.9.2010)।
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