प्रो. दीपक पेंटल के बाद एक बार फिर डीयू का नया कुलपति इसी विश्वविद्यालय से होने की उम्मीद जताई जा रही है। नए कुलपति के तौर पर अंतिम चार नामों में दो प्रबल उम्मीदवार दिल्ली विश्वविद्यालय से हैं और इनमें से ही किसी एक के नाम पर मोहर लग सकती है।
विवि के प्रो. वाइंस चांसलर प्रो. दिनेश सिंह की दावेदारी काफी मजबूत मानी जा रही है, जबकि लेडी श्रीराम कॉलेज (एलएसआर) की प्रिंसिपल डॉ. मीनाक्षी गोपीनाथ भी अपने अनुभव के बूते प्रबल उम्मीदवार बताई जा रही हैं। दो अन्य उम्मीदवारों में हैदराबाद विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. सईद ई. हसनैन और जेएनयू के प्रो. बीएस चिमनी भी हैं। मानव संसाधन एवं विकास मंत्रालय के सूत्रों के मुताबिक तीन सदस्यीय एक्सपर्ट्स कमेटी की ओर से मंजूर चार नामों को विवि की विजिटर व भारत की राष्ट्रपति प्रतिभा पाटिल को भेज दिया गया है।
सूत्र बताते हैं कि डीयू के मौजूदा प्रो. वाइंस चांसलर व पूर्व डॉयरेक्टर सॉउथ कैम्पस रह चुके प्रो. दिनेश सिंह और लेडी श्रीराम कॉलेज की प्रिंसिपल डॉ. मीनाक्षी गोपीनाथ मुख्य तौर पर प्रतिस्पर्धा में है।
मंत्रालय भी यही चाहता है कि इनमें से किसी एक के हाथ डीयू की कमान आए, क्योंकि जिस तरह से विश्वविद्यालय में सेमेस्टर सिस्टम से लेकर अन्य मुद्दों को लेकर शिक्षकों के साथ प्रशासन का विवाद जारी है, उससे निपटने के लिए बाहर से आए कुलपति को नियुक्त करना जोखिम भरा हो सकता है।
ऐसे में जहां प्रो. दिनेश सिंह प्रशासनिक परिस्थितियों को न सिर्फ समझते हैं, बल्कि वह वर्षो से इस तरह की परेशानियों से निपट रहे हैं, वहीं दूसरी ओर से डॉ. गोपीनाथन लेडी श्रीराम कॉलेज का बेहतर संचालन कर रही हैं। इनके पक्ष में महिला होना भी है, क्योंकि यदि उनके नाम को मंजूरी दी जाएगी तो विश्वविद्यालय के इतिहास में वह पहली महिला कुलपति होने का रिकॉर्ड कायम करेंगी।
सूत्र बताते हैं कि अन्य चार नामों में जहां हैदराबाद विश्वविद्यालय के कुलपति की ओर से दिल्ली आने को लेकर अनिच्छा जाहिर की गई हैं, वहीं जेएनयू में स्कूल ऑफ इंटरनेशनल स्टडीज के प्रो. बीएस चिमनी की दावेदारी अन्य उम्मीदवारों के बीच कमजोर है। समूची प्रक्रिया से जुड़े सूत्र बताते हैं कि एक्सपर्ट्स कमेटी की ओर से मंजूर नामों पर जल्द से जल्द कार्रवाई की मांग राष्ट्रपति से की गई और मुमकिन है कि अक्टूबर के अंत तक नए कुलपति की घोषणा कर दी जाए(शैलेन्द्र सिंह,दैनिक भास्कर,दिल्ली,11.10.2010)।
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