लखनऊ का बाबा साहेब भीमराव अंबेडकर केंद्रीय विश्वविद्यालय अपने यहां रिसर्च कर रहे छात्रों में से हर साल सर्वश्रेष्ठ शोधार्थी का चयन करेगा। चयनित होने वाले शोधार्थी को स्थापना दिवस पर मेडल देकर सम्मानित किया जाएगा। विश्वविद्यालय को उम्मीद है कि इससे शोध की गुणवत्ता को बढ़ावा मिलेगा और शोधार्थी भी अपने विषय के प्रति निरंतर सक्रिय रहेंगे।
अंबेडकर विश्वविद्यालय के स्कूल ऑफ इनवायरमेंटल साइंस के डीन एवं एक्सट्रा कैरीकुलर एक्टिविटीज के कोआर्डिनेटर प्रो. आरपी सिंह कहते हैं कि विश्वविद्यालय रिसर्च प्रोग्राम पर विशेष ध्यान दे रहा है। पिछले दिनों विवि में आए विशेषज्ञों ने भी शोध की गुणवत्ता को लेकर महत्वपूर्ण सुझाव दिये थे। इसी को ध्यान में रखते हुए नया प्रस्ताव तैयार किया गया है। विश्वविद्यालय में वर्तमान में सोलह विभागों में विभिन्न विषयों पर शोध कार्य चल रहा है। इन विभागों में शोधार्थियों द्वारा के अब तक किए गये कार्य की प्रगति का मूल्यांकन किया जाएगा। पहले यह मूल्यांकन विभागीय स्तर पर होगा। विभाग स्तर पर चयनित शोधार्थियों की स्कूल के स्तर पर प्रतियोगिता होगी। अपने-अपने स्कूलों में चुने गये शोधार्थियों का पुनः विशेषज्ञों द्वारा मूल्यांकन किया जाएगा। इसमें जिस स्टूडेंट का शोध कार्य सबसे अच्छा होगा उसे विश्वविद्यालय पदक के लिए चुना जाएगा। सर्वश्रेष्ठ शोधार्थी को प्रत्येक वर्ष पर १० जनवरी को होने वाले स्थापना दिवस पर पदक व सार्टिफिकेट देकर सम्मानित किया जाएगा। इसके अलावा स्कूल लेवल पर चयनित शोधार्थी भी सम्मानित होंगे। इनके शोध कार्य को विश्वविद्यालय के प्रकाशन में भी स्थान मिलेगा। इस प्रस्ताव को कुलपति ने भी अपनी मंजूरी दे दी है। जल्द ही इसके लिए चयन प्रक्रिया शुरू हो जाएगी। हमारा विश्वास है कि इससे शोध कर रहे छात्रों का उत्साह बढ़ेगा(अमर उजाला,लखनऊ,10.10.2010)।
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