अगले सेशन से अपने बच्चों को प्ले वे, प्री-नर्सरी, नर्सरी में दाखिला दिलाने की सोच रहे हैं, तो जेब हल्की करने की तैयारी कर लें। एडमिशन के लिए अभिभावकों को 1000 से 3500 रुपये ज्यादा खर्च करने पड़ सकते हैं।
नए सेशन के लिए प्राइवेट स्कूलों ने एडमिशन फीस में 10 से 15 फीसदी का इजाफा कर दिया है। प्राइवेट स्कूलों में एडमिशन फीस 13,500 से 36 हजार रुपये तक है। प्राइमरी लेवल के एजूकेशन के बढ़ते खर्चे और क्वालिटी एजूकेशन के बीच तालमेल बिठाकर अभिभावकों को अपने बच्चों के लिए स्कूल का चयन करना होगा।
टीचर्स की सैलरी बढ़ानी है: इंडिपेंडेंट प्राइवेट स्कूल एसोसिएशन के प्रेसिडेंट एचएस मामिक कहते हैं, टीचर्स को स्कूल में डेढ़ घंटा ज्यादा समय देना है, ऐसे में उनकी सैलरी भी बढ़ानी पड़ेगी। ऐसे में फीस भी बढ़ेगी। उन्होंने बताया कि फीस बढ़ाने के लिए कोई नियम नहीं है, लेकिन स्कूल 10 फीसदी तक फीस बढ़ा सकते हैं।
न विज्ञापन, न नोटिस: स्कूलों ने नए सेशन में फीस बढ़ाने की तैयारी अभी से कर ली है, लेकिन आरटीई के तहत आर्थिक रूप से कमजोर तबके को 25 फीसदी सीटें देने पर ढीला रवैया अपना रखा है। अभी तक किसी भी स्कूल ने आरटीई के दाखिला देने के लिए न तो विज्ञापन दिया है और न ही नोटिस बोर्ड पर इसकी सूचना दी है।
रजिस्ट्रेशन की स्थिति: रेयान इंटरनेशनल, स्टेपिंग स्टोन, मांउट कार्मल, विवेक हाईस्कूल, डीपीएस, सेंट जोसेफ, सेंट जेवियर्स स्कूल में रजिस्ट्रेशन फॉर्म मिल रहे हैं। कार्मल कॉन्वेंट, सेंट जॉन्स, सेक्रेड हार्ट, भवन विद्यालय, मानव मंगल में अभी तक रजिस्ट्रेशन शुरू नहीं हुई है(नीना शर्मा,दैनिक भास्कर,चंडीगढ़,24.11.2010)।
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