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22 दिसंबर 2010

आरएएस परीक्षा 07 में स्केलिंग को हाईकोर्ट ने सही माना। मुख्य परीक्षा 08 का परिणाम इसी हफ्ते

राजस्थान हाईकोर्ट ने आरएएस परीक्षा-2007 में स्केलिंग प्रक्रिया को सही ठहराया है।

इस आदेश से करीब 713 पदों पर नियुक्तियों का रास्ता साफ हो गया। मुख्य न्यायाधीश अरुण मिश्रा व न्यायाधीश महेश भगवती की खंडपीठ ने मंगलवार को जयसिंह व छह अन्य याचिकाओं को खारिज करते हुए कहा कि स्केलिंग सही है, क्योंकि यह सुप्रीम कोर्ट के संजय सिंह मामले में दिए निर्णय से बाधित नहीं होती। याचिकाओं में कहा गया था कि सुप्रीम कोर्ट द्वारा संजय सिंह मामले में दिए निर्णय के बाद आरपीएससी को स्के लिंग नहीं करनी चाहिए थी। इसके अलावा ओबीसी के अभ्यर्थियों को साक्षात्कार में अधिक संख्या में बुलाए जाने को भी याचिकाओं में चुनौती दी गई।

इन याचिकाओं के विरोध में चयनित अभ्यर्थियों की ओर से हरीश मीणा व अन्य ने भी याचिकाएं दायर कीं। सुनवाई के दौरान आरपीएससी की ओर से अतिरिक्त महाधिवक्ता एसएन कुमावत ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट का संजय सिंह मामले में दिया निर्णय न्यायिक सेवाओं में स्के लिंग प्रणाली नहीं अपनाए जाने के संबंध में है। इस निर्णय के पैरा 24, 25 व 32 में स्पष्ट किया है कि जहां अधिक विषय हों जैसे की प्रशासनिक सेवा, वहां स्केलिंग अपनाई जा सकती है।

उन्होंने दलील दी कि आरपीएससी 1993 से स्केलिंग कर रही है और हाईकोर्ट की खंडपीठ ने 1993 में महेश खंडेलवाल, 1996 में रमेश पीलवाल व 2003 में मनीष सिनसिनवार के मामले में इसको वैध करार दिया है और इस संबंध में सुप्रीम कोर्ट में दायर की गई एसएलपी खारिज हो गई है। साथ ही स्के लिंग अपनाने से पहले एक्सपर्ट की राय भी ली गई थी और सुप्रीम कोर्ट के दिशा निर्देशों पर ही अधिक ओबीसी अभ्यर्थियों को साक्षात्कार के लिए बुलाया गया था। खंडपीठ ने इन दलीलों से सहमत होकर स्केलिंग को सही ठहराते हुए याचिकाओं को खारिज कर दिया।

आरएएस परीक्षा 2007 एक नजर में:
प्री परीक्षा में शामिल अभ्यर्थी: 2,99,230
मुख्य परीक्षा में शामिल अभ्यर्थी: 11726
साक्षात्कार में बुलाया: 2,678

चयनित : 713 राजस्थान लोक सेवा आयोग आरएएस मुख्य परीक्षा 2008 का परिणाम इसी हफ्ते में जारी करेगा।


यह जानकारी आयोग अध्यक्ष एमएल कुमावत ने दी। मंगलवार को राजस्थान हाईकोर्ट की ओर से स्केलिंग फार्मूला सही ठहराने के बाद परिणाम की घोषणा संभव हो पा रही है। मामला अदालत में लंबित होने के कारण आरएएस मुख्य परीक्षा 2008 का परिणाम अटका हुआ था। आयोग सचिव डॉ. पाठक ने बताया कि आरएएस मुख्य परीक्षा में करीब 9 हजार अभ्यर्थी प्रविष्ठ हुए थे। आयोग ने परिणाम तैयार कर रखा है। एक-दो दिन में कोर्ट के आदेश के अध्ययन के बाद परिणाम जारी कर दिया जाएगा। 

दोनों प्रकार से तैयार था आयोग
आयोग ने स्कैलिंग फामरूले के पक्ष और विपक्ष दोनों प्रकार के फैसलों को ध्यान में रख कर आरएएस मुख्य परीक्षा का परिणाम तैयार करवा रखा है। अदालत अगर स्कैलिंग के विरुद्ध फैसला देती, तो भी आयोग परिणाम जारी कर देता। राजस्थान हाईकोर्ट का फैसला आने के बाद आयोग में देर रात तक अधिकारियों ने परिणाम तैयारी और फैसले को लेकर चर्चा की(दैनिक भास्कर,जयपुर और अजमेर,22.12.2010)।

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