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02 दिसंबर 2010

पंजाबःनींद करो हराम तो मिलेगा नर्सरी दाखिले का फार्म

अभी अंधेरा छटा भी नहीं था और ठंड अपने पूरे शबाब पर थी। जैसे-जैसे रोशनी बढ़ रही थी ग्रीन माडल टाउन के पास लगी लाइन लंबी होती जा रही थी। सूरज की पहली किरण जब तक पड़ी तब तक यह लाइन सैकड़ों में तब्दील हो चुकी थी। लाइन वास्तव में चौकाने वाली थी, क्योंकि वेल ड्रेसअप लोग गैस सिलेंडर या नौकरी लेने के लिए लाइन में नहीं लगे थे, बल्कि अपने लाडले बच्चों के लिए नर्सरी व प्री नर्सरी का प्रास्पेक्टस फार्म लेने के लिए लाइन में लगे हुए थे। हैरान करने वाली बात यह थी कि लाइन में लगा सबसे पहला शख्स घर से 5.30 बजे निकलकर परिसर में 6.15 बजे आ गया था।
प्रास्पेक्टस भले ही 8.30 बजे के बाद बंटना शुरू हुआ हो, लेकिन तब तक इनोसेंट हा‌र्ट्स स्कूल के बाहर 800 से भी ज्यादा लोगों की लाइन लग चुकी थी। गहमागहमी में लाइन में लगे कई मियां-बीबी आपस में झगड़ा कर रहे थे 'मैंने तुम्हें पहले ही कहा था कि सुबह छह बजे ही घर से निकल पड़ेंगे अब देखो लाइन का हाल।' 'दैनिक जागरण' की टीम ने जब शहर के विभिन्न नामी स्कूलों का दौरा किया तो स्कूल परिसरों के बाहर सैकड़ों अभिभावकों की कुछ ऐसी ही रेल बनी पाई।
शहर के ए ग्रेड स्कूलों में इन दिनों प्री नर्सरी व नर्सरी में दाखिला प्रक्रिया शुरू हो चुकी है तो दाखिला फार्म के लिए मारामारी मची हुई है। हैरानी की बात तो यह है कि अभिभावकों ने ए ग्रेड के चुनिंदा स्कूलों में भी अपना तुलनात्मक अध्ययन कर टॉप फाइव स्कूल चुन रखे हैं। इनोसेंट हा‌र्ट्स स्कूल ग्रीन माडल टाउन में पहली दिसंबर यानि बुधवार को ही नर्सरी में दाखिले के लिए फार्म दिए जाने थे। ऐसे में रस्ता मोहल्ला निवासी अमरदीप शर्मा व भारती, मास्टर तारा सिंह नगर निवासी हरबीर सिंह व पूजा सहित सैकड़ों ऐसे अभिभावक थे, जो कि सुबह सात बजे ही स्कूल के बाहर लाइनों में लग गए थे। इसके बावजूद भी उनका टोकन नंबर दो सौ के लगभग था। लाइन में लगे अधिकतर अभिभावकों का कहना था कि उन्होंने अन्य एक-दो स्कूलों के फार्म और ले लिए हैं या फिर लेने हैं, क्योंकि डेढ़ सौ सीटों के लिए तीन सौ से ऊपर फार्म यहां पर बिक चुका है।

वहीं एपीजे स्कूल में भी दाखिले को लेकर अभिभावक सीधे ही रजिस्ट्रेशनकरवाने में लगे हुए हैं। पुलिस डीएवी व सीटी पब्लिक स्कूल में भी अभी तक नर्सरी में ही दाखिले को लेकर 200 से ऊपर रजिस्ट्रेशन हो चुकी है। वहीं एमजीएन स्कूल ने तो प्री-नर्सरी व नर्सरी कक्षा के दाखिले ही बंद कर दिए हैं। स्कूल प्रबंधकों का कहना है कि उन्होंने अक्टूबर महीने में ही 15 दिनों के लिए रजिस्ट्रेशन ओपन की थी और विद्यार्थियों का चयन कर अब पूरी तरह से दाखिला बंद कर दिया है।

ए-ग्रेड स्कूलों की सूची
शहर में इस समय ए ग्रेड स्कूलों में इनोसेंट हा‌र्ट्स स्कूल, एपीजे स्कूल, सीटी पब्लिक स्कूल, डीपीएस, गुरु अमरदास, स्वामी संत दास, पुलिस डीएवी, लारेंस इंटरनेशनल पब्लिक स्कूल, शिव ज्योति पब्लिक स्कूल, एकलव्य, संस्कृत केएमवी, एमजीएन पब्लिक स्कूल, दयानंद माडल स्कूल, मेयर व‌र्ल्ड व संस्कृत केएमवी स्कूल आदि आते हैं।

अभिभावकों का दर्द
अपने बच्चे का रजिस्ट्रेशन तो करवा आए हैं, लेकिन पता नहीं इंटरव्यू के लिए उन्हें बुलाया जाता है या नहीं। इसी डर से अन्य स्कूलों में भी ट्राई कर रहे हैं। दाखिला फार्म के लिए इतनी लंबी लाइन ने परेशान किया।
सेंट्रल टाउन निवासी शशी शर्मा

अपने बच्चे का भविष्य बनाने के लिए इतनी भागदौड़ तो करनी ही पड़ती है, लेकिन दाखिला फार्म के लिए इतनी लंबी लाइन नहीं होनी चाहिए। इसके लिए कुछ अलग से प्रबंध होना चाहिए।
माडल टाउन निवासी तरसेम सिंह व कुलजिंदर कौर

नर्सरी कक्षा में दाखिला के लिए फार्म की इतनी मारामारी होती है, सोचा ही नहीं था। फार्म के लिए लंबी लाइन ने जरूर परेशान किया है। बच्चे के भविष्य के लिए अच्छे स्कूल का चयन कर रहे हैं तो परेशानी तो उठानी ही पड़ेगी।
अर्बन अस्टेट फेज वन निवासी सूरज व पलक

सरकारी व्यवस्था ने किया यह हाल
शिक्षाविद् मनोरमा सिद्धू का मानना है कि सरकारी शिक्षा व्यवस्था इतनी चरमरा गई है कि लोग अपने बच्चों को सरकारी स्कूलों में दाखिल करवाने की सोचते भी नहीं हैं। इसके चलते 90 फीसदी लोगों के पास अपने बच्चों को प्राइवेट स्कूलों में भेजना ही आप्शन बच जाता है। ऐसे में आर्थिक रूप से ठीक-ठाक अभिभावक यही चाहता है कि उसके बच्चे अच्छे प्राइवेट स्कूलों में जाएं। यही कारण है कि स्कूल वाले भी अभिभावकों की मानसिकता भांप कर फार्म जमा देने व जमा करवाने के लिए दो या तीन दिन ही देते हैं। इससे अभिभावकों को परेशानी होती है(कुसुम अग्निहोत्री,दैनिक जागरण,जालंधर,2.12.2010)।

1 टिप्पणी:

  1. ये पंजाब सरकार है भाई अजब गजब तो हागा ही। अच्छी खबरें हैं धन्यवाद।

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