सीबीएसई की ओर से पहली बार ऑनलाइन आयोजित हो रही ऑल इंडिया इंजीनियरिंग एंट्रेस एग्जाम (एआईईईई) की परीक्षा में बी.टेक-बीई के आवेदक ही बैठने जा रहे हैं। बोर्ड की ओर से अंजाम दी जा रही तैयारियों के तहत बी.ऑर्क-बी.प्लानिंग की परीक्षा देने वाले छात्रों को इस बार ऑनलाइन परीक्षा से दूर परम्परागत पेपर-पेंसिल टेस्ट ही देना होगा। इतना ही नहीं, सामान्य परीक्षा 24 अप्रैल, 2011 को आयोजित होगी और ऑनलाइन परीक्षा का आयोजन कैट की ही तरह एक से 10 मई, 2011 को देशभर के 20 केन्द्रों पर किया जाएगा।
केन्द्रीय मानव संसाधन एवं विकास मंत्रालय के आदेशों के तहत पहली बार ऑनलाइन एआईईईई की परीक्षा का आयोजन कर रही सीबीएसई ने शुरुआत एक लाख छात्रों के माध्यम से करने का फैसला किया गया है। यानी, इस बार आयोजित हो रही एआईईईई की परीक्षा में 20 केन्द्रों पर पहले पांच-पांच हजार आवेदकों को ऑनलाइन परीक्षा में बैठने का मौका दिया जाएगा, जो बी.ई-बी.टेक में दाखिला चाहते हैं। कैट की तर्ज पर आयोजित की जा रही इस परीक्षा के लिए बोर्ड की ओर से इसके बेहतर आयोजन का जिम्मा विशेषज्ञ कम्पनी को सौंपने का फैसला किया गया है। इसके लिए खासतौर पर तकनीकी व आर्थिक टेंडर आमंत्रित किया गया है।
इसके तहत स्पष्ट कर दिया गया है कि आवेदक कम्पनी का इस क्षेत्र में अनुभव प्राप्त होना जरूरी है। अनुभव के स्तर पर कम्पनी को ऐसी ही राष्ट्रीय स्तर की परीक्षा के आयोजन का काम से कम तीन साल का अनुभव होना जरूरी है। बोर्ड की ओर से आयोजित की जा रही बी.टेक-बी.ई की ऑनलाइन परीक्षा के लिए ऑब्जेक्टिव टाइप होगी। इसमें प्रश्नपत्र को फिजिक्स, केमिस्ट्री व मैथमेटिक्स के बीच तीन बराबर हिस्सों में विभाजित किया जा रहा है और सभी के लिए समान अंक उपलब्ध होंगे। अन्य व्यवस्थाओं के तहत यह परीक्षा केवल अंग्रेजी में ही होगी और इसके लिए तीन घंटे का समय मिलेगा। परीक्षा के लिए एक से 10 मई, 2011 के बीच दो शिफ्टों में सुबह 9.30 से 12.30 और फिर दो बजे से पांच बजे के बीच आयोजित की जाएगी।
पहली बार एक लाख उम्मीदवार क्यों? बोर्ड अधिकारियों की मानें तो प्रारम्भिक स्तर पर ऑनलाइन परीक्षा को बेहतर तरीके से संचालित करने के लिए एक लाख उम्मीदवारों पर प्रयोग किया जा रहा है क्योंकि सभी को एक साथ मौका देने से मुश्किल खड़ी हो सकती है। हालांकि, जब उनसे यह पूछा गया कि कैट की तरह आप भी परीक्षा की तिथियों में अंतराल से परहेज कर रहे हैं और कहीं इससे परेशानी खड़ी न हो जाएं तो उनका कहना था कि इसीलिए पहली बार दिल्ली, मुम्बई, चेन्नई, नागपुर, नोयडा, लखनऊ, जयपुर सहित 20 केन्द्रों पर पांच-पांच हजार उम्मीदवारों को मौका दिया जा रहा है और ऐसी एजेंसी को इस काम का जिम्मा सौंपा जाएगा जो इस क्षेत्र में अनुभव रखती हो।
बीती परीक्षा पर एक नजर : 25 अप्रैल 2010 को देशभर में आयोजित एआईईईई की परीक्षा पर नजर डालें तो इसके लिए 11 लाख, 18 हजार, 148 आवेदन आए थे। इनमें से 10 लाख, 65 हजार, 100 ने परीक्षा दी। 86 शहरों के 1,623 केन्द्रों पर हुई इस परीक्षा में बी.ई-बी.टेक के लिए 26 हजार 816 सीटें और बी.आर्क-बी.प्लानिंग की 936 सीटें दांव पर थीं(शैलेन्द्र सिंह,दैनिक भास्कर,दिल्ली,1.12.2010)।
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