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06 दिसंबर 2010

वाराणसीःउच्च शिक्षण संस्थानों का माहौल गरमाया

मौसम तो ठंडी का है पर शनिवार को शहर के कुछ उच्च शिक्षण संस्थानों का माहौल काफी गरम रहा। विद्यापीठ में विश्वविद्यालय प्रशासन के खिलाफ अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) के नेतृत्व में बुद्धि-शुद्धि यज्ञ किया गया तो आइसा ने कमिश्नर को ज्ञापन सौंपा। वहीं, यूपी कालेज के मुख्य द्वार पर छात्रों ने धरना, प्रदर्शन किया। जबकि अग्रसेन पीजी कालेज में स्ववित्तपोषित शिक्षकों ने प्रबंधतंत्र के खिलाफ बिगुल फूंकते हुए परीक्षाओं का बहिष्कार कर दिया।
पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार शनिवार को एबीवीपी के यूनिट प्रभारी राधेश्याम के नेतृत्व में मुख्य द्वार पर बुद्धि-शुद्धि यज्ञ किया गया। विकास पाठक, मोनू सिंह, हिमांशु राय, गौरव शर्मा, पुरेंद्र उपाध्याय, अभिषेक सिंह, रिंकू पटेल एवं राघवेंद्र सिंह समेत दर्जनों छात्रों ने आहुतियां देकर बाबा विश्वनाथ से चीफ प्राक्टर एवं विश्वविद्यालय प्रशासन को विवेक प्रदान करने की प्रार्थना की। वहीं आइसा की प्रदेश अध्यक्ष सरिता पटेल, अनुभव पांडेय एवं नितेश कुमार समेत दो दर्जन विद्यार्थियों ने मंडलायुक्त को ज्ञापन सौंपकर परिचय पत्र जांच के नाम पर छात्र-छात्राओं के उत्पीड़न को रोकने की गुहार लगाई। इसी प्रकार यूपी कालेज में पांच अंकों के ग्रेस मार्क और विद्यापीठ की ओर से जारी प्रत्येक विषय में न्यूनतम 15 फीसदी अंकों के नियम को लागू किए जाने की मांग को लेकर छात्रों ने प्रदर्शन किया। मनीष कुमार सिंह लड्डू, अखंड प्रताप सिंह, सौरभ सिंह, राहुल सिंह, श्वेता सिंह एवं संदीप कुमार सिंह ने मांगे पूरी न होने पर आंदोलन छेड़ने की चेतावनी दी। अग्रसेन पीजी कालेज के स्ववित्तपोषित शिक्षकों ने कालेज प्रबंधन पर आर्थिक शोषण का आरोप लगाते हुए परीक्षाओं का बहिष्कार कर दिया। बुलानाला परिसर में सुबह नौ बजे से बीए एवं बीएससी तृतीय वर्ष की सेमेस्टर परीक्षा शनिवार से शुरू हुई। स्ववित्तपोषित शिक्षक संघ की अध्यक्ष डा. आभा श्रीवास्तव एवं सचिव डा. शुभा सक्सेना के नेतृत्व में शिक्षक परीक्षा ड्यूटी से विरत हो गए। बाद में तृतीय श्रेणी के कर्मचारियों के सहयोग से परीक्षा संपन्न कराई गई। डा. सक्सेना का कहना है कि मांगे न माने जाने पर सारी परीक्षाओं का बहिष्कार किया जाएगा(अमर उजाला,वाराणसी,6.12.2010)।

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