एडीजी प्रशासन मैथलीशरण गुप्त के तबादले के साथ ही पुलिसकर्मियों की ऑनलाइन भर्ती प्रक्रिया का विचार भी बदल दिया गया है। अब पुलिसकर्मियों की भर्ती पुराने र्ढे पर ही होगी।
गुप्त ने 6 हजार से ज्यादा पुलिसकर्मियों की भर्ती प्रक्रिया पारदर्शी बनाने के लिए इसे ऑनलाइन करने का निर्णय लिया था। ऑनलाइन भर्ती प्रक्रिया की टेस्टिंग भी चल रही थी, लेकिन इसी बीच गुप्त को एडीजी रेल बना दिया गया।
प्रदेश के 6,049 एमपी ऑनलाइन सेंटर्स के माध्यम से ऑनलाइन भर्ती की जानी थी, लेकिन अब ऐसा नहीं होगा। पुलिस मुख्यालय के सूत्रों का कहना है कि ऑनलाइन भर्ती का इरादा छोड़कर अब पुरानी भर्ती प्रक्रिया की कवायद शुरू हो गई है।
उल्लेखनीय है कि गृह विभाग ने पुलिस महकमे में 6 हजार नई भर्तियां करने की स्वीकृति दी है। पुलिस भर्ती प्रक्रिया दिसंबर के पहले हफ्ते में शुरू हो जानी थी,लेकिन अब तक भर्ती का विज्ञापन नहीं निकाला गया है।
पुरानी प्रक्रिया के मुताबिक उम्मीदवारों को पहले फिजिकल टेस्ट क्वालीफाई करना होगा,फिर उन्हें लिखित परीक्षा में शामिल किया जाएगा। जबकि ऑनलाइन प्रक्रिया में पहले परीक्षा और फिर फिजिकल टेस्ट होना था।
यह होना था ऑनलाइन भर्ती में
पुलिसकर्मियों की ऑनलाइन भर्ती प्रक्रिया में एमपी ऑनलाइन सेंटर के माध्यम से उम्मीदवारों द्वारा फार्म भरे जाते। फार्म भरने के साथ ही उम्मीदवारों को प्रवेश पत्र भी मिल जाते। इसके लिए पहले से ही यह तय कर लिया गया था कि कितने उम्मीदवारों का परीक्षा केन्द्र कहां होगा? भर्ती प्रक्रिया को पारदर्शी रखने के लिए यह भी निर्णय लिया गया था कि इसकी ऑडिट रिपोर्ट भी बनेगी, ताकि उसमें किसी भी स्तर पर गड़बड़ी हुई हो तो उसका तुरंत पता लगाया जा सके। उम्मीदवारों की उत्तर पुस्तिकाएं भी ऑनलाइन करने का निर्णय लिया गया था।
मैनुअल भर्ती में ये है झंझट
फार्म जमा करने आना होगा जिला मुख्यालय
डाक से प्रवेश पत्र भेजने में आएंगी अड़चनें।
भर्ती के दौरान दलालों के सक्रिय रहने की आशंका(दैनिक भास्कर,भोपाल,8.12.2010)।
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